चमोली। राजकीय इंटर कालेज निजमुला के भवन निर्माण कार्य में तेजी लाने को लेकर चला आ रहा आमरण अनशन एसडीएम चमोली के आश्वासन के बाद समाप्त हो गया।
दरअसल राजकीय इंटर कालेज निजमुला के भवन का निर्माण कार्य ग्रामीण निर्माण विभाग के द्वारा किया जा रहा था। पिछले चार सालों से अभी तक भवन निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है। इसके चलते छात्र-छात्राओं को पठन पाठन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। खास कर बरसात के दौरान पठन – पाठन व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। निर्माण कार्य में चल रही हीलाहवाली से नाराज ग्रामीण 26 जनवरी से आमरण अनशन पर बैठ गए थे। उनकी मांग थी कि भवन निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए, ताकि बच्चों की पठन – पाठन व्यवस्था एवं अन्य शैक्षणिक कार्य प्रभावित न हो। मंगलवार को उपजिलाधिकारी चमोली आरके पांडे आमरण अनशन स्थल पर पहुंचे और आंदोलनकारियों से विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी में वार्ता की गई। विभाग की ओर से भरोसा दिया गया है कि 20 दिन के भीतर भवन निर्माण कार्य पूरा कर दिया जाएगा।
ग्रामीण निर्माण विभाग के लिखित आश्वासन के पश्चात आमरण अनशनकारी ग्रामीण अनशन तोड़ने को राजी हुए। उपजिलाधिकारी ने बताया कि इस मामले में अब कोई हीलाहवाली नहीं होगी, छात्र हितों को प्राथमिकता दी जाएगी। इस दौरान पीटीए अध्यक्ष व पूर्व प्रधान बृजलाल, एसएमसी अध्यक्ष भीम सिंह, रघुवीर सिंह फर्स्वाण आदि आमरण अनशन पर बैठे थे। आमरण अनशनकारियों के समर्थन में अन्य ग्रामीण क्रमिक धरने पर थे। इसके पश्चात एसडीएम पांडे ने जूस पिलाकर ग्रामीणों का आमरण अनशन समाप्त कर दिया। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी आर के पांडे, राजेश गोरखा,नवीन पुरोहित एई ग्रामीण निर्माण विभाग सूर्य प्रकाश मैथानी, ठेकेदार अजीत पुंडीर , पूर्व प्रधान बृज लाल,भीम सिंह,रघुबीर सिंह फर्स्वाण, राकेश सेजवाल, विनोद फर्स्वाण,भरत राणा,भगत सिंह,राजेंद्र सिंह, सबर सिंह आदि लोग शामिल थे।

