175 पुराने प्रस्तावों और शिकायतों की भी हुई समीक्षा, सीडीओ ने मांगी कार्रवाई की स्पष्ट अनुपालन आख्या
ज्योतिर्मठ। विकासखंड ज्योतिर्मठ के ब्लॉक सभागार में ब्लॉक प्रमुख अनूप सिंह नेगी एवं मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी की अध्यक्षता में क्षेत्र पंचायत विकास समिति (बीडीसी) की विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्षेत्र की जनसमस्याओं, विकास कार्यों और पूर्व में बीडीसी बैठकों में पारित प्रस्तावों की विभागवार समीक्षा की गई। क्षेत्र पंचायत सदस्यों और ग्राम प्रधानों ने सड़क, पेयजल, विद्युत, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और ग्रामीण विकास से जुड़े 300 से अधिक प्रस्ताव सदन में रखे।
बैठक में पूर्व की बीडीसी बैठकों में पारित 175 प्रस्तावों एवं प्राप्त शिकायतों पर की गई कार्रवाई की अनुपालन आख्या प्रस्तुत की गई। संबंधित प्रकरणों के निस्तारण के संबंध में जनप्रतिनिधियों की संतुष्टि और सहमति भी जानी गई। इस दौरान लंबित प्रकरणों के निस्तारण को लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी ने कहा कि बीडीसी बैठक में जनप्रतिनिधियों की ओर से रखे जाने वाले प्रस्ताव और शिकायतें सीधे क्षेत्र की जनता से जुड़ी होती हैं। इसलिए प्रत्येक प्रस्ताव पर संबंधित विभाग गंभीरता से कार्रवाई करते हुए उसका समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने अधिकारियों को प्रत्येक प्रस्ताव एवं शिकायत पर की गई कार्रवाई की स्पष्ट अनुपालन आख्या तैयार करने के निर्देश दिए।
सीडीओ ने यह भी कहा कि केवल कागजी कार्रवाई तक प्रस्तावों का निस्तारण सीमित न रहे। विभागों की ओर से की गई कार्रवाई के संबंध में संबंधित जनप्रतिनिधियों से संतुष्टि एवं सहमति की रिपोर्ट भी प्राप्त की जाए, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि समस्या का वास्तविक समाधान हुआ है या नहीं।
बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने सदन में रखे गए प्रस्तावों पर की जा रही कार्रवाई की जानकारी दी। जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्र में सड़क, पेयजल, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य और सिंचाई से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। अधिकारियों को शेष प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए समयबद्ध निस्तारण करने तथा अगली बैठक में कार्रवाई की स्पष्ट रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में ज्येष्ठ प्रमुख गुड्डी देवी, कनिष्ठ प्रमुख नरेश चंद्र, जिला पंचायत सदस्य रमा राणा, प्रधान संघ अध्यक्ष मोहन बजवाल, परियोजना निदेशक आनंद सिंह, उपजिलाधिकारी चंद्रशेखर वशिष्ठ, खंड विकास अधिकारी मोहन जोशी सहित क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, जनपद स्तरीय अधिकारी एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

