गोपेश्वर।चमोली जनपद के निजमुला–बिरही मोटर मार्ग पर सड़क सुरक्षा के लिए लगाए जाने वाले क्रॉस बैरियरों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इस मार्ग पर साढ़े तीन करोड़ रुपये से अधिक की लागत से प्रस्तावित क्रॉस बैरियरों का कार्य दो वर्षों बाद भी पूर्ण नहीं हो पाया है। कई स्थानों पर बैरियर लगाए ही नहीं गए हैं, जबकि कुछ जगहों पर लगाए गए बैरियर टूट चुके हैं या मानकों के अनुरूप नहीं हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिन संवेदनशील और दुर्घटना संभावित स्थलों पर सुरक्षा बैरियर लगाए जाने चाहिए थे, वहां आज भी पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं है। ग्रामीणों ने बताया कि लगभग एक वर्ष पूर्व सैंजीधार के समीप कथित रूप से गलत तरीके से लगाए गए क्रॉस बैरियर के कारण एक वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया था, जिसमें चार लोगों की असमय मृत्यु हो गई थी और 3 महीने पहले काली चट्टान के समीप स्कूटी सवार लोक निर्माण विभाग का कर्मचारी 200 मीटर खाई में गिरा यदि वहाँ पर क्रॉस बैरियर लगा होता तो हादसा नहीं होता।
ग्रामीणों का आरोप है कि हादसे के बाद भी लोक निर्माण विभाग ने स्थिति से कोई सबक नहीं लिया। बिरही से निजमुला तक कई स्थानों पर सुरक्षा बैरियर क्षतिग्रस्त अवस्था में पड़े हैं, लेकिन उनकी मरम्मत नहीं की जा रही है। इससे मार्ग पर सफर करने वाले वाहन चालकों और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
क्षेत्रवासियों ने लोक निर्माण विभाग से तत्काल निरीक्षण कर अधूरे और क्षतिग्रस्त क्रॉस बैरियरों की मरम्मत तथा आवश्यक स्थानों पर नए बैरियर लगाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
ग्रामीणों ने प्रशासन से भी मामले का संज्ञान लेकर सड़क सुरक्षा कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति की जांच कराने की मांग की है

