उत्तरकाशी।पावन पर्व अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर आज वैदिक मंत्रोच्चारण और विशेष पूजा-अर्चना के साथ श्री गंगोत्री धाम और श्री यमुनोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए हैं। इसी के साथ उत्तराखंड की वार्षिक ‘चारधाम यात्रा 2026’ का भी औपचारिक शुभारंभ हो गया है। धार्मिक परंपराओं का निर्वहन करते हुए दोनों ही प्रमुख धामों में पहली पूजा देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नाम से संपन्न की गई।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री धाम में आयोजित कपाटोद्घाटन समारोह में व्यक्तिगत रूप से प्रतिभाग किया। उन्होंने माँ गंगा के मंदिर में शीश नवाया और प्रधानमंत्री के नाम से पहली पूजा का संकल्प लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने देश और प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली तथा चारधाम यात्रा के सफल व निर्बाध आयोजन की मंगल कामना की।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, माँ गंगा की उत्सव डोली भैरव घाटी स्थित भैरव मंदिर से प्रस्थान कर गंगोत्री धाम पहुंची। इसके पश्चात दोपहर ठीक 12 बजकर 15 मिनट पर गंगोत्री मंदिर के कपाट खोले गए। विशेष पूजा-अभिषेक और देव डोलियों के आगमन के साथ पूरा परिसर ‘जय माँ गंगे’ के जयघोष से गुंजायमान हो उठा।
समारोह के दौरान मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के चारधाम विश्वभर के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के केंद्र हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं को आश्वस्त करते हुए कहा”राज्य सरकार ने एक सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सुगम यात्रा के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। हमारा प्रयास है कि देवभूमि आने वाले हर भक्त को न केवल दिव्य आशीर्वाद मिले, बल्कि उनका अनुभव सुखद और अविस्मरणीय रहे।”
मुख्यमंत्री ने यात्रा मार्गों पर यातायात प्रबंधन और मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता पर विशेष बल दिया है। साथ ही, उन्होंने देश-विदेश से आने वाले तीर्थयात्रियों से एक विशेष अपील करते हुए ‘ग्रीन और क्लीन चारधाम यात्रा’ में सहयोग मांगा। उन्होंने आग्रह किया कि सभी श्रद्धालु पर्यावरण संरक्षण के प्रति सजग रहें और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।


