चमोली। उत्तराखंड क्रांति दल चमोली इकाई ने शुक्रवार को पूर्व विधानसभा प्रत्याशी एवं केंद्रीय महामंत्री के नेतृत्व में भैरवधार-थालाबेंड, पोखरी में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद का घेराव किया। उक्रांद कार्यकर्ताओं ने क्षेत्रीय समस्याओं, अधूरे विकास कार्यों तथा कर्णप्रयाग की हालिया घटना को लेकर भाजपा नेतृत्व के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।कार्यकर्ताओं ने भैरवधार में महेंद्र भट्ट के काफिले को रोककर विगत एक वर्ष से लंबित पड़ी पुलिया के निर्माण को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि पुलिया का निर्माण अब तक क्यों नहीं हो पाया और इस मामले में जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई कब होगी।
उक्रांद नेता बीरू सजवाण ने आरोप लगाया कि डूंगर, रडुवा-काडई, सलना सहित कई गांवों के लोगों को अपनी सड़कें स्वयं बनानी पड़ रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि ग्रामीणों को विकास कार्य खुद करने पड़ रहे हैं तो सरकार की भूमिका पर प्रश्नचिह्न खड़ा होता है।
उन्होंने कर्णप्रयाग में निहंगों द्वारा स्थानीय लोगों पर कथित हमले की घटना का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे पूर्व ज्योतिर्मठ सहित अन्य क्षेत्रों में भी ऐसे मामले सामने आ चुके हैं, लेकिन सरकार ने इस दिशा में कोई स्पष्ट नीति नहीं बनाई है। उन्होंने चारधाम यात्रा के लिए एक स्थायी एसओपी बनाने की मांग की, जिसमें यह स्पष्ट प्रावधान हो कि कोई भी यात्री धार्मिक यात्रा के दौरान घातक हथियार लेकर धामों में प्रवेश न करे।महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष राजेश्वरी बर्त्वाल ने कहा कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के अपने गांव की सड़क तक आज तक पक्की नहीं बन पाई है, जिससे विकास के दावों पर सवाल उठते हैं।जिला महामंत्री सुबोध बिष्ट ने आरोप लगाया कि भाजपा नेतृत्व जनता की समस्याओं को सुनने के लिए तैयार नहीं है, जिससे लोगों की उम्मीदें लगातार टूट रही हैं।
युवा प्रकोष्ठ के महामंत्री धर्मेंद्र फर्स्वाण ने महेंद्र भट्ट के कथित बयान “पहले चुनाव जीतो और खुद विकास करो” को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि पिछले 26 वर्षों से सत्ता में रहने वाले नेताओं के बावजूद लोगों को सड़कें और खेल मैदान स्वयं बनाने पड़ रहे हैं।इस दौरान युवा प्रकोष्ठ ब्लॉक अध्यक्ष लक्ष्मण नेगी, गिरीश नेगी, भरत सिंह कुंवर, दमयंती चौधरी, सपना परमार, बबीता देवी सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।


