ज्योर्तिमठ। सीमांत क्षेत्र जोशीमठ में इन दिनों सुरक्षात्मक कार्य कर रहे ठेकेदार की भारी मनमानी और लापरवाही देखने को मिल रही है। स्थानीय प्रशासन की कथित अनदेखी के चलते निर्माणदायी संस्था सुरक्षा मानकों को ताक पर रखकर काम कर रही है, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, क्षेत्र में चल रहे सुरक्षात्मक कार्यों के तहत इस्तेमाल होने वाला भारी-भरकम सरिया और अन्य निर्माण सामग्री मुख्य सड़क पर ही बेतरतीब ढंग से बिखरी पड़ी है। संवेदनशील और संकरे पहाड़ी रास्तों पर इस तरह सरेआम सरिया फैलाए जाने से पैदल यात्रियों और वाहन चालकों के लिए हर पल खतरे का साया बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस घोर लापरवाही पर सुध लेने वाला या ठेकेदार पर लगाम कसने वाला कोई नहीं है।
वर्तमान में बद्रीनाथ धाम की यात्रा अपने चरम पर है, जिसके चलते जोशीमठ के मार्गों पर चौबीसों घंटे वाहनों का भारी दबाव है। एक तरफ देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की गाड़ियों की लंबी कतारें लगी हैं, तो दूसरी तरफ सड़क पर बिखरी पड़ी निर्माण सामग्री के कारण रास्ता और संकरा हो गया है। इस भारी अव्यवस्था की वजह से शहर में पल-पल पर भीषण जाम लग रहा है, जिससे न केवल तीर्थयात्री बल्कि स्थानीय स्कूली बच्चे और मरीज भी घंटों फंसे रहने को मजबूर हैं।
क्षेत्रीय जनता और व्यापारियों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले का तुरंत संज्ञान लेकर सड़क से तत्काल निर्माण सामग्री हटवाई जाए और लापरवाह ठेकेदार के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाए, ताकि यात्रा सुचारू रूप से चल सके और किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।


