गोपेश्वर। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, नैनीताल के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चमोली की ओर से शनिवार को जिला मुख्यालय गोपेश्वर समेत कर्णप्रयाग, गैरसैंण और थराली में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। लोक अदालत में विभिन्न न्यायालयों में लंबित मामलों के साथ बैंक प्री-लिटिगेशन के मामलों का भी आपसी सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण किया गया।
लोक अदालत में क्रिमिनल कंपाउंडेबल, एनआई एक्ट, मनी रिकवरी, वैवाहिक विवाद, एमएसीटी, यातायात चालान समेत विभिन्न प्रकार के मामलों की सुनवाई की गई। जिला मुख्यालय गोपेश्वर में जिला न्यायाधीश की पीठ ने 13 और मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की पीठ ने 36 मामलों का निस्तारण किया। वहीं बाह्य न्यायालय न्यायिक मजिस्ट्रेट कर्णप्रयाग की पीठ में 10, न्यायिक मजिस्ट्रेट गैरसैंण की पीठ में 14 तथा न्यायिक मजिस्ट्रेट थराली की पीठ में 13 मामलों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण हुआ।
इस प्रकार न्यायालयों में लंबित कुल 86 मामलों का निस्तारण किया गया। इन मामलों में 1,03,21,093 रुपये की धनराशि वसूल की गई।
इसके अलावा बैंक प्री-लिटिगेशन के 67 मामलों का भी आपसी समझौते के आधार पर निस्तारण किया गया, जिसमें 52,37,842 रुपये की धनराशि प्राप्त हुई।
इस तरह राष्ट्रीय लोक अदालत में न्यायालयों में लंबित मामलों और बैंक प्री-लिटिगेशन सहित कुल 153 मामलों का निस्तारण हुआ। इन मामलों में कुल 1,55,58,935 रुपये की धनराशि वसूल की गई। लोक अदालत के माध्यम से मामलों के त्वरित एवं आपसी सहमति से निस्तारण से पक्षकारों को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिली।

