गोपेश्वर। चमोली जिले के दशोली ब्लॉक के ब्यारा गांव में ‘हर घर नल-हर घर जल’ योजना का लाभ ग्रामीणों को नहीं मिल पा रहा है। लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद गांव के अधिकांश घरों के नल सूखे पड़े हैं।
ग्रामीण बीरेंद्र फर्स्वाण ने बताया कि बाजार में 20 से अधिक परिवार के अलावा इंटर कॉलेज,उद्यान विभाग, कोऑपरेटिव बैंक के कर्मचारी रहते हैं, लेकिन अधिकतर घरों में पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। इससे लोगों के साथ मवेशियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि मामले की शिकायत कई बार प्रशासन से की जा चुकी है, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ।
ग्रामीणों का कहना है कि योजना के तहत गांव में नल और पाइपलाइन तो बिछा दी गई, लेकिन जलापूर्ति शुरू नहीं हो सकी। इससे योजना पर खर्च हुए बजट को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
इधर व्यारा के पूर्व ग्राम प्रधान बृज लाल ने बताया कि गांव के ऊपर लगाए गए पानी के कंट्रोलर को कुछ शरारती तत्वों द्वारा बंद कर दिया जाता है, जिससे जलापूर्ति बाधित हो रही है। उन्होंने कहा कि समस्या के समाधान के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।


