चमोली। जनपद में जनगणना कार्यों में तैनात शिक्षकों को विद्यालय से कार्यमुक्त न किए जाने के आदेश पर राजकीय शिक्षक संघ और जूनियर शिक्षक संघ ने कड़ा एतराज जताया है। जनपद कार्यकारिणी चमोली ने इस संबंध में जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर शिक्षकों को जनगणना कार्य हेतु कार्यमुक्त करने की पुरजोर मांग की है
संगठन ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि जनगणना हेतु शिक्षक-शिक्षिकाओं की ड्यूटी उनके कार्यक्षेत्र से 25 से 30 किमी दूर तक लगाई गई है, जिसमें कई किमी का पैदल रास्ता भी शामिल है। वर्तमान में विद्यालय का समय प्रातः 7.45 से अपराह्न 2.05 बजे तक है। ऐसे में विद्यालय समय के पश्चात भीषण गर्मी में दुर्गम पहाड़ी रास्तों और जंगली मार्गों से आवंटित क्षेत्रों तक पहुँचना व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है।बड़ी संख्या में महिला शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। पहाड़ी रास्तों पर शाम के समय उनकी सुरक्षा और परिवहन एक गंभीर विषय है,दोपहर 2 बजे के बाद आमजन आराम की स्थिति में होते हैं, जिससे सूचनाएं एकत्रित करने में व्यवधान उत्पन्न होगा।शिक्षण कार्य के तुरंत बाद अत्यधिक तपिश में फील्ड वर्क करना शिक्षकों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के साथ-साथ उनकी कार्यक्षमता पर भी विपरीत प्रभाव डालेगा।
चौहान ने कहा शिक्षकों के बजाय अन्य संवर्गों के कार्मिकों को बीएलओ और जनगणना जैसे कार्यों में लगाया जाना चाहिए ताकि पठन-पाठन की प्रक्रिया प्रभावित न हो। उन्होंने मांग की है कि यदि शिक्षकों से ही यह कार्य करवाना है, तो उन्हें विधिवत कार्यमुक्त किया जाए ताकि वे इस राष्ट्रीय कार्यक्रम को त्रुटिरहित और समयबद्ध तरीके से संपन्न कर सकें।
इस दौरान दौरान राजकीय शिक्षक संघ के जनपद अध्यक्ष प्रकाश सिंह चौहान, उपाध्यक्ष दिनेश कुनियाल, जिलामंत्री बीरेंद्र सिंह नेगी, जूनियर शिक्षक संघ के वरिष्ठ संयुक्त जिला मंत्री यशपाल बुटोला, ब्लॉक मंत्री नंदानगर एच.एस. रावत, उपाध्यक्ष मनोज हटवाल और ब्लॉक मंत्री दशोली ,हरेंद्र सिंह रावत उपस्थित रहे।


